बड़ी खबर: तमक नाले में बनी झील पर प्रशासन का अपडेट — फिलहाल कोई खतरा नहीं।
चमोली जनपद के सीमांत नीति घाटी क्षेत्र में तमक नाले के पास धौली गंगा में झील बनने की खबरों को लेकर अब स्थिति साफ हो गई है। जिलाधिकारी गौरव कुमार ने स्पष्ट किया है कि वर्तमान में किसी भी प्रकार का बड़ा खतरा नहीं है और प्रशासन पूरी तरह सतर्क है।
जिलाधिकारी के अनुसार क्षेत्र की लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है विशेषज्ञों की टीम हालात पर नजर बनाए हुए है सोमवार से खनन अपशिष्ट (मलबा) हटाने का कार्य शुरू किया जाएगा। प्रशासन का कहना है कि मलबा हटते ही नदी का बहाव जल्द ही सामान्य हो जाएगा
गौरतलब है कि कुछ समाचार पोर्टलों में इस झील को लेकर खतरे की आशंका जताई जा रही थी, लेकिन प्रशासन ने साफ किया है कि स्थिति नियंत्रण में है और घबराने की जरूरत नहीं है।
जिलाधिकारी ने बताया कि विगत वर्ष भी इसी स्थान पर पानी के रुकने के कारण अस्थायी रूप से प्राकृतिक बाँध बन जाने से झील का निर्माण हुआ था, जिसे सिंचाई विभाग द्वारा समय रहते तोड़ दिया गया था। वर्तमान में नदी के जलस्तर में वृद्धि के कारण वहां हल्के स्तर पर जलभराव की स्थिति बनी है, जिससे छोटी झील जैसी आकृति दिखाई दे रही है। हालांकि इस जलभराव से लगातार पानी का रिसाव हो रहा है।
उन्होंने आगे जानकारी दी कि संबंधित स्थल पर जमा खनन अपशिष्ट को हटाने के लिए खनन विभाग द्वारा खनन पट्टा जारी कर दिया गया है। संबंधित ठेकेदार द्वारा सोमवार से खनन अपशिष्ट हटाने का कार्य प्रारंभ किया जाएगा। इस कार्य के पूर्ण होते ही नदी का बहाव पुनः पूर्व की भांति सुचारु हो जाएगा।
जिलाधिकारी ने यह भी कहा कि प्रशासन, सिंचाई विभाग, खनन विभाग एवं अन्य संबंधित एजेंसियां मौके पर सतत निगरानी बनाए हुए हैं और किसी भी संभावित स्थिति से निपटने के लिए पूर्णतः तैयार हैं। आमजन से अपील की गई है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें तथा किसी भी सूचना के लिए प्रशासन द्वारा जारी आधिकारिक माध्यमों पर ही भरोसा करें।


