नंदादेवी राजजात पर फिर छाया असमंजस! बैठक हुई।
नंदादेवी राजजात को लेकर देवाल में समन्वय बैठक।
बड़ीजात के आयोजन पर भी नहीं बनी सहमति।
देवाल/चमोली। नंदादेवी राजजात, लोकजात और वर्ष 2026 में प्रस्तावित बड़ीजात के आयोजन को लेकर शुक्रवार को विकासखंड सभागार देवाल में समन्वय बैठक आयोजित की गई। ब्लॉक प्रमुख देवाल तेजपाल रावत की अध्यक्षता में हुई बैठक में जनप्रतिनिधियों, ग्रामीणों और विभिन्न समितियों के पदाधिकारियों ने यात्रा के आयोजन को लेकर अपने-अपने सुझाव रखे। हालांकि, बैठक में किसी भी मुद्दे पर अंतिम सहमति नहीं बन सकी।
बैठक में वर्ष 2026 में प्रस्तावित बड़ीजात के आयोजन को लेकर स्थानीय लोगों और जनप्रतिनिधियों की राय ली गई। बड़ीजात समिति के अध्यक्ष कर्नल हरेंद्र सिंह रावत और कुरुड़ मंदिर समिति के अध्यक्ष सुखबीर रौतेला समेत कई लोग बैठक में मौजूद रहे।
बैठक के दौरान राजजात के आयोजन को लेकर मतभेद भी सामने आए। वाण क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने स्पष्ट किया कि हाल ही में मुंदोली न्याय पंचायत की बैठक में यह निर्णय लिया गया है कि कम समय के कारण न्याय पंचायत के अंतर्गत आने वाले गांव 2026 में प्रस्तावित बड़ीजात के आयोजन में सहयोग करने की स्थिति में नहीं हैं। उन्होंने वर्ष 2027 में राजा की अगुवाई में प्रस्तावित राजजात के आयोजन का समर्थन किया।
वहीं, कई जनप्रतिनिधियों ने सरकार से दोनों पक्षों के साथ वार्ता कर राजजात के आयोजन की तिथि को लेकर स्थिति स्पष्ट करने की मांग की। उनका कहना था कि यदि 2026 में यात्रा के आयोजन में व्यवस्थाओं की कमी आड़े आ रही है तो सरकार को समय रहते व्यवस्थाएं दुरुस्त करनी चाहिए थीं।
बैठक में 2026 की बड़ीजात और 2027 में प्रस्तावित राजजात को लेकर अलग-अलग राय सामने आने के कारण कोई स्पष्ट निर्णय नहीं हो सका। बड़ीजात समिति के अध्यक्ष कर्नल हरेंद्र रावत ने कहा कि विभिन्न पड़ावों से प्राप्त जनमत और सुझावों को संकलित कर सरकार के समक्ष रखा जाएगा और इस संबंध में आगे वार्ता की जाएगी।
बैठक में सामाजिक कार्यकर्ता महावीर बिष्ट, ग्राम प्रधान वाण नन्दुली बिष्ट, वाण मंदिर समिति अध्यक्ष कृष्णा सिंह बिष्ट, जिला पंचायत सदस्य हरीश सोनियाल, जिला पंचायत सदस्य बलवीर राम, कनिष्ठ प्रमुख पिंकी राही, भाजपा मंडल अध्यक्ष उमेश मिश्रा, प्रधान संघ अध्यक्ष खिलाप सिंह बिष्ट, प्रेमशंकर सिंह रावत, हीरा सिंह पहाड़ी सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।


